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बुधवार, अप्रैल 04, 2018

बेरुखी का शिकार हो रहा सरकार का कमाऊ पुत्र 'वेयर हाउस'

  • सरकारी उपेक्षाओं के बावजूद पुश्तैनी पेशा अपना रही चौथी पीढ़ी

  • वेयर हाउस में नहीं दिख रही डिजिटल इंडिया की चमक

  • परिवार बढ़ा, सामान बढ़ा, जगह वही की वही


दीपाक्षर टाइम्स संबाददाता
जम्मू।
जिस पुराने ढांचे से सन् 1958 में जम्मू के तत्कालीन राज्यशासक बख्शी गुलाम मुहम्मद द्वारा वेयर हाउस की स्थापना की गई थी। 21वीं सदी में भी राज्य का खाद्य भंडार वेयर हाउस जम्मू अपनी दशकों पुरानी अवस्था में है। वेयर हाउस ही सरकार का ऐसा कमाऊ पुत्र है, जिससे सरकार के राजस्व में अरबों रुपये के भंडार भर रहे हैं। वेयर हाउस जम्मू में छोटे-बड़े करीब चार सौ से अधिक व्यापार के अड्डे स्थापित हैं। इन स्थापित व्यापार के अड्डों से सैकड़ों परिवारों के पेट पलते हैं। होलसेल व्यापारियों से लेकर पल्लेदार सदस्यों तक, हर कोई वेयर हाउस के विकास और खुशहाली को लेकर परेशान है। यहां तक कि बाहरी राज्यों से अपने आयात निर्यात को बढ़ावा देने के लिए जम्मू पहुंचने वाले उद्योगपति भी वेयर हाउस के विकास को लेकर अपनी तरजीह देते हैं। सरकार को चहिए कि जेडीए के माध्यम से वेयर हाउस के विकास और खुशहाली को नई दिशा दी जाए, ताकि व्यापारी वर्ग की लंबित समस्याऔं का स्थायी समाधान हो सके।
वेयर हाउस के किए गए निरीक्षण के बाद व्यापारियों, पल्लेदार व ग्राहकों से बातचीत करने के बाद पाया गया कि जेडीए ने पिछले साठ सालों से वेयर हाउस व्यापारियों को उनकी दुकानों के न तो मालिकाना हक दिए, और न ही बेहतर दुकानदारी के मूलभूत ढांचे को उपलब्ध करवाया। एक किराएदार की तरह व्यापारी वर्ग वेयर हाउस में अपने रोजगार को पाल रहे हैं, और सरकार के खजानों को भर रहे हैं। एक तरफ  सरकार नए युग की स्थापना करते हुए समूचे भारतवर्ष को डिजिटल इंडिया बनाने पर तरजीह दे रही है, लेकिन वहीं दशकों पुराने वेयर हाउस ढांचे के विस्तारीकरण का कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा।
दशकों पुराने वेयर हाउस खाद्यान, दुकानें, शैड व अन्य मूलभूत ढांचा वर्तमान समय में किसी जर्जर खंडहरों से कम नहीं हैं। व्यापारियों के पास पहुंचने वाले सामान को सुरक्षित जगहों, खाद्यानों में रखने के बेहतर प्रबंध न होने से हर मौसम में कीमती सामान बाहर खुले आसमान के तले ही रहने से कीमती सामान के खराब होने का खतरा भी बना रहता है।चूंकि सरकार द्वारा आधुनिक और पारदर्शी तरीके से कामकाज करने के लिए प्रेरित किया जा रहा है और हर काम कम्प्यूटर द्वारा किए जाने की हिदायत दी जा रही है ताकि हर तरह की पारदर्शिता बनी रहे। लेकिन, यह कैसे संभव है, जब इतनी बड़ी मंडी में भी बिजली के कट लगातार चल रहे हों?
वेयर हाउस में काम कर रही व्यापारियों की चौथी पीढ़ी, जो आज के समय में आधुनिक शिक्षा के ज्ञान से लैस है, उस पीढ़ी का पुराने नक्शेकदम पर चल पाना आसान नहीं बन रहा। नई पीढ़ी की शैक्षिक तकनीक और उनकी मौजूदा समय की जरूरतों का पूरा होना ही 21वीं सदी का विकास माना जाएगा। सरकार को व्यापारियों की चौथी पीढ़ी का आभारी होना चहिए कि अच्छी पढ़ाई के साथ नई शैक्षिक तकनीक का ज्ञान प्राप्त होने के बाद भी वह सरकार पर नौकरियों का बोझ बढ़ाने के वजाय अपने पुश्तैनी व्यापार के रोजगार को बढावा दे रहे हैं।
पानी, जो कि हर-एक इंसान की मूलभूत जरूरत है, उसकी तरफ भी कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा और वेयर हाउस के एक व्यापारी का कहना है कि सरकार की तरफ से यहां पर पेयजल उपलब्ध कराने के लिए कुछ नहीं किया गया है और कोई हैंडपंप तक नहीं लगवाया जिससे लोगों को कुछ राहत मिल सके। वेयर हाउस के व्यापारियों ने ही एक हैंडपंप वेयर हाउस और एक हैंडपंप नेहरू मार्किट में लगवाया है, जो दूरदराज क्षेत्रों से हजारों की संख्या में यहां आने वाले लोगों के लिए नाकाफी साबित होते हैं। गर्मियों के दिनों में तो यह परेशानी और बढ़ जाती है।
जेडीए ने पिछले कई सालों से एक असमंजस की तलवार को व्यापारियों के सिर पर लटका रखा है। इस लटकी हुई असमंजस की तलवार से किसी भी किस्म की स्थिति स्पष्ट नहीं हो पा रही। जेडीए वेयर हाउस कांप्लेक्स को शिफ्ट कर किसी दूसरी जगह पर स्थापित करने की योजना बना रहा है। नई जगह पर शिफ्ट होने वाले वेयर हाउस कांप्लेक्स से स्थानीय व्यापारियों की दिक्कतों में भी बढ़ोतरी होने के आसार बन रहे हैं। आने वाले कुछ दिनों में वेयर हाउस नेहरू मार्किट व्यापारी संगठन की नई समिति का गठन होने जा रहा है। नए व्यापारी संगठन के गठन से वेयर हाउस के विकास, खुशहाली और लंबित मांगों व समस्याओं के समाधान की उम्मीद भी लगाई जा रही है।

रविवार, मार्च 18, 2018

गोरखे दी हट्टी

ग्रामीण स्तर पर शुरू किया गया कारोबार आज शहरों मे छोड रहा अपनी छाप

दीपाक्षर टाइम्स संवाददाता
जम्मू: आज के तेज रफ्तार युग में जहां देश की नई पीढी अपने पुरखों के दिए हुए संस्कारों को भुलाकर अपने ही तरीके का जीवन बसर करने की होड में हैं, वहीं कुछ पीढियां ऐसी भी हैं, जो अपनी पुशतैनी परंपराऔं तथा हुनर के माध्यम से अपने स्व:रोजगार को बढावा देकर बुजुर्गों का मान बढा रही हैं। जिला सांबा के छोटे से सीमांत क्षेेत्र के कस्बे रामगढ़ में रहने वाला महाजन परिवार कभी सीमांत लोगों के लिए मिट्टी के वर्तनों की खरीद-ओ-फरोख्त करके लोगों की जरूरतों को पूरा करके अपने निजि कारोवार को पालते थे। लेकिन ग्रामीण स्तर पर रोजगार को बढावा न मिलने के कारण भारत-पाक विभाजन से सात वर्ष पूर्व रामगढ़ कस्बे में रहने वाले महाजन परिवार ने जम्मू के उर्दु बाजार आज का शहीदी चौक में अपना बसेरा डालकर अपने हुनर और कारोवार को नई दिशा दी। जिस समय महाजन परिवार जम्मू में आकर बसा, उस समय दिवंगत मंगत राम ने परिवार का भरण-पोषण करने और निजि आमदनी में अतिरिक्त बढोतरी करने के लिए गांवों में रहने वाले में कुम्हार जाति लोगों से मिट्टी के वर्तन व अन्य प्रकार के सामन को खरीद कर लोगों में बेचने लगे। चालीस के दशक में जब कहीं पर भी अधुनिक बिजली उपकरण उपलब्घ नहीं थे, उस समय कुम्हार जाति द्वारा हस्तकला से घडे बनाकर उनको लोगों की जरूरतों के लिए उपलब्घ करवाते थे। उस चालीस के दशक में मिट्टी के घडे हर वर्ग के लोगों के लिए ठंडे पानी के फ्रीजर हुआ करते थे। आज गरीब परिवारों के लिए मिट्टी के घडे ही उनके लिए ठंडे पानी की सुविधा को उपलब्घ करवाने का सस्ता और आसान जरिया हैं। जहां गरीब परिवार मिट्टी के घडों का स्वच्छ ठंडा पानी पीकर अपनी प्यास बुझा रहे हैं, वहीं कुछ ऐसे भी रहीश लोग हैं, जो मिट्टी से बने वर्तनों व घडों को अपने घरों की शान समझ कर उनको खरीदते हैं।

कैसे गांव से शहर में बनी महाजन परिवार की पहचान:-
जिस समय महाजन परिवार ने रामगढ़ गांव से परिवार सहित कूच कर जम्मू के उर्दु बाजार आज के शहीदी चौक में अपना बसेरा जमाया। उस समय शहर के लोगों में उनकी कोई ऐसी पहचान नहीं थी, जिसके बल पर उनको लोग याद रखते। लेकिन चालीस के दशक से शुरू हुई महाजन परिवार की परीक्षा 21वीं सदी में अपने परिणाम और मुकांम तक पहुंची। महाजन परिवार के बुजुर्ग दिवंगत मंगत राम ने जिस राह पर अपने जीवन के मकसद को डाला। उस मकसद को उनके पुत्र दिवंगत सरदारी लाल, उसके बाद दिवंगत मोहन गुप्ता, दिवंगत जोगिंद्र गुप्ता तथा वर्तमान साहिल गुप्ता ने शिखर तक पहुंचाने में अपनी भूमिका निभाई। आज के तेज रफ्तार और प्रतियोगिता के इस युग में हर पढा लिखा नौजवान अपने उज्जवल भविष्य की चाह में सरकारी नौकरियां, अच्छा करोवार तथा अलग पहचान कायंम करने की कोशिश में है। वहीं साहिल गुप्ता ने बाहरवीं की कक्षा उतीर्ण करने के बाद किसी भी मन की लालसा को खुद पर हावी नहीं होने दिया, और पुरखों के दिए संस्कारों व उनके आदर्शों को ही अपना मकसद मान लिया। वर्तमान समय में जम्मू शहर में महाजन परिवार की पहचान 'गोरखे दी हट्टी' के नाम से की जाती है। महाजन परिवार को मिली यह पहचान से आज हर तरफ लोगों में प्रसिद्ध है और लोग उनको इसी पहचान से जानते हैं।
 
बुजुर्गों का सम्मान करना सीखे नई पीढी
बदलते समय की चमक-दमक भरी जिंदगी में हमारी युवा पीढी के सपनों को पंख लग चुके हैं। युवाऔं को अपने ही विचार और आदर्श अच्छे लगते हैं। लेकिन महाजन परिवार की पंाचवी पीढी के इक्लौते वारिस साहिल गुप्ता का कहना है कि बुजुर्गों के संस्कार और आदर्श ही इंसान की कामयाबी का मुख्य जरिया हैं। समाज में जीवित उदाहरण के तौर पर 'गोरखे दी हट्टी' के संचालक साहिल गुप्ता अपनी पांचवी पीढी के इक्लौते वारिस ने पिता जोगिन्द्र गुप्ता के स्वर्ग सिधार जाने के बाद माता शक्ति देवी सहित चार बहनों का पालन-पोषण करने वाले इस युवक की सोच लाजवाब है। साहिल गुप्ता ने अपने मन में ऐसा विचार बनाया, जिससे पुरखों की परंपरा भी आगे बढी और आमदनी के नए स्रोत भी सामने आए।
उर्दु बाजार आज के शहीदी चौक में स्थित 'गोरखे दी हट्टी' पर हस्तकला की आकृतियां अपने मुहंबोलती चीजें हैं। हर कोई उन मुहंबोलती बस्तुऔं को खरीद कर अपने घरों की सजावट करके एक नया आकर्षण पैदा कर रहा है।
अगर हमारी युवा पीढी बुजुर्गों से मिली शिक्षा पर अपना ध्यान दे, और उनका मान करे, तो कोई मंजिल ऐसी नहीं जिसे हासिल न किया जाए। युवाऔं को अपने बुजुर्गों, माता-पिता और भाई-बहनों का आदर करना चहिए। सदा आज्ञाकारी और सत्यवादी बनकर अपने जीवन के सफर को मुकांम तक पहुंचाना चहिए।

बुधवार, मई 03, 2017

'सभी को बिजली'

2019 तक सभी को बिजली प्रदान करने के प्रयास कर रही है सरकार : उपमुख्यमंत्री


दीपाक्षर टाइम्स संवाददाता
जम्मू। 

औद्योगिक विकास को बढ़ावा देने के लिए बेहतर पावर परिदृश्य के महत्व पर जोर देते हुए उप मुख्यमंत्री डॉ निर्मल सिंह ने आज दोहराया कि सरकार बिजली वितरण और ट्रांसमिशन नेटवर्क को बढ़ाकर 2019 तक 'सभी को बिजली' प्रदान करने के अपने प्रयास कर रही है।
उप मुख्यमंत्री औद्योगिक संघों के सामने आने वाले विभिन्न मुद्दों को हल करने में उनके प्रयासों के लिए के सम्मानित करने के लिए बड़ी ब्रह्मणा इंडस्ट्रियल एसोसिएशन (बीबीआईए) द्वारा आयोजित समारोह में बोल रहे थे। उद्योग और वाणिज्य मंत्री चंद्रदर्शन गंगा ने भी भाग लिया।एमएलसी विक्रम रंधावा, उद्योग, हथकर्घा, सिडको के निदेशक तथा विभिन्न औद्योगिक संस्थाओं के सदस्य भी इस अवसर पर उपस्थित थे। इस अवसर पर सम्बोधित करते हुए उपमुख्यमंत्री ने औद्योगिक उत्पादन के लिए ढांचागत विकास के महत्व को दोहराया। इसके अतिरिक्त उन्होंने कहा कि सरकार ऊर्जा वितरण तथा ट्रांसमिषन नेटवर्क में सुधार लाकर 2019 तक सभी को बेहतर बिजली उपलब्ध करवाने हेतु अथक प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि बहुत से औद्योगिक एस्टेटों को 24 घंटे बिजली उपलब्ध हो रही है तथा उन्होंने पीडीडी के मुख्य अभियंता को निर्देष देते हुए कहा कि औद्योगिक क्षेत्रों में बिना किसी परेषानी के बिजली उपलब्ध करवाई जाये। उन्होंने यह जानकारी भी दी कि प्रधानमंत्री विकास कार्यक्रम के तहत औद्योगिक एस्टेट से लेकर पावर ग्रिड तक बेहतर बिजली आपूर्ति के लिए राषि सुनिष्चित की गई है।
उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री ने कहा कि बेरोजगार युवाओं की कला में वृद्धि लाकर तथा उद्योग सम्बंधी नीतियों के माध्यम से उद्यमियता को बढ़ावा देने सहित सक्रिय औद्योगिक विकास बेरोजगारी की समस्या से लडऩे में सहायता कर सकता है। इसके अतिरिक्त उन्होंने उद्योग प्रतिनिधियों पर बल देते हुए कहा कि  वे औद्योगिक क्षेत्रों के आसपास के स्थानीय लोगों के लाभ के लिए अपनी कारपोरेट सामाजिक जिम्मेदारियों पर विषेश ध्यान दें।
इससे पूर्व बीबीआईए के प्रधान ललित महाजन ने औद्योगिक क्षेत्र को 24 घंटे बिजली उपलब्ध करवाने तथा नये औद्योगिक एस्टेट स्थापित करने के लिए मंत्रियों को धन्यवाद दिया। बीबीआईए के सदस्यों ने मौजूदा तथा नई इकाईयों के लिए इंसैंटिव तथा इंकम टैक्स हॉलिडे में बढ़ोतरी, काम को आसान करने को अपनाना और औद्योगिक इकाईयों के बकाया बिजली किराये को बिना सरचार्ज या जुर्माने के एक बार माफी योजनाओं के मुददों को उठाया।
उपमुख्यमंत्री तथा आईएंडसी मंत्री ने सदस्यों को आष्वासन दिया कि उनके द्वारा रखी गई मांगों को समयबद्ध तरीके से पूरा किया जाएगा।

बुधवार, अप्रैल 12, 2017

'वेयर हाउस में बुनियादी ढांचा उन्नत किया जाएगा'

जम्मू व्यापार, आर्थिक गतिविधियों के केंद्र के रूप में उभर रहा है: उप मुख्यमंत्री

दीपाक्षर टाइम्स संवाददाता
जम्मू। 
उप मुख्यमंत्री डॉ निर्मल सिंह ने  कहा कि जम्मू क्षेत्र के व्यापार और आर्थिक गतिविधियों को आवश्यक प्रोत्साहन को सुनिश्चित करने के लिए प्रयास चल रहे हैं, जिसके परिणामस्वरूप युवाओं को रोजगार के अवसर पैदा होंगे और लोगों का आर्थिक उत्थान भी होगा।
उप-मुख्यमंत्री वेयर हाउस ट्रेडर्स एसोसिएशन के प्रतिनिधिमंडल के साथ बातचीत कर रहे थे, जिसने  उन्हें पेश आ रही समस्याओं से अवगत करवाने के लिए भेंट की।
विधायक जम्मू पूर्वी राजेश गुप्ता, आयुक्त/ सचिव आवास एवं शहरी विकास हृृदेष कुमार, आयुक्त जम्मू नगर निगम, निदेशक भूमि प्रबंधन जम्मू विकास प्राधिकरण और अन्य वरिष्ठ अधिकारी इस मौके पर मौजूद थे।
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि वेयर हाउस राज्य के मुख्य व्यापार केंद्रों में से एक है और जम्मू की आर्थिक गतिविधियों का केंद्र है। उन्होंने कहा कि इसे जल्द ही समग्र बनाया जाएगा ताकि व्यापारियों को पेष आ रही समस्याएं और अन्य संबंधित मुद्दों का व्यापक रूप से निवारण किया जा सके।
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि व्यापारियों को सभी आधुनिक सुविधाओं प्रदान करने के लिए वेयर हाउस के पहले से ही मौजूद ढांचे को के स्तर को बढ़ाया जाएगा जो व्यापार संबंधी गतिविधियों को बढ़ावा देगा और व्यापार को आसान करने में भी मदद करेाग। उन्होंने कहा कि बिजली की आपूर्ति के संबंध में कोई असुविधा न हो, यह सुनिश्चित करने के लिए पीडीडी को भी आवश्यक निर्देश दिए जाएंगे।
एसोसिएशन की अन्य मांगों का जवाब देते हुए उपमुख्यमंत्री ने कहा कि एक व्यापक योजना जल्द ही तैयार की जाएगी जिसमें अतिरिक्त गोदा, 24 घंटे बिजली की आपूर्ति के का  भी प्रावधान के अलावा स्वामित्व अधिकारों पर भी विचार किया जाएगा।  में बुनियादी ढांचा उन्नत किया जाएगा'

बुधवार, अप्रैल 05, 2017

पुराने जम्मू शहर को विरासत के आधार पर विकसित किया जाएगा: डा सिंह

उपमुख्यमंत्री वेयरहाउस जम्मू में नवरात्र समारोह में शामिल हुए
दीपाक्षर टाइम्स संवाददाता
जम्मू।
उपमुख्यमंत्री डॉ निर्मल सिंह ने कहा कि नवरात्र हमें भाईचारे, सद्भाव के मौजूदा बंधनों की प्ररेणा देते है और हमें मानवता और मूल्यों की एकता को आगे बढ़ाने के लिए उनके समेकन को सुनिश्चित करने के लिए भी आग्रह करता हूं। उप-मुख्यमंत्री यहां नवरात्रों के समारोह के संबंध में ट्रेडर्स फेडरेशन द्वारा आयोजित समारोह में बोल रहे थे।
वरिष्ठ भाजपा नेता एवं विधायक जम्मू पूर्वी राजेश गुप्ता, आईजीपी जम्मू एस डी सिंह, डीआईजी जम्मू अशकूर वानी, महंत रामेश्वर दास, राजेश गुप्ता अध्यक्ष ट्रेडर्स फेडरेशन वेयर हाउस, फेडरेशन अन्य पदाधिकारी, राजेश गुप्ता अध्यक्ष जम्मू चैंबर ऑफ कामर्स एंड इंडस्ट्रीज, भाजपा नेता अश्विनी शर्मा,  प्रमुख व्यापारी, प्रमुख नागरिक, भक्त इस मौके पर मौजूद थे। वेयर हाउस को जम्मू की आर्थिक गतिविधियों के केंद्र के रूप में बताते हुए, उपमुख्यमंत्री ने कहा कि इसे जल्द ही समग्र बनाया जाएगा ताकि व्यापार समुदाय को पेश आने वाली समस्याएं और अन्य संबंधित मुद्दों का व्यापक रूप से निवारण किया जाए। उन्होंने कहा कि इससे यह सुनिश्चित होगा कि पहले से ही मौजूदा ढांचा में वृद्धि कर, उन्हें उन सभी आधुनिक सुविधाओं के साथ प्रदान करना, जो अपने व्यापार संबंधी गतिविधियों को बढ़ावा देंगा।
जम्मू शहर के विकास के लिए उठाए जा रहे प्रमुख पहलों का जिक्र करते हुए उपमुख्यमंत्री ने कहा को ट्रेफिक के रष को कम करने के लिए,बी सी रोड पर बहु-मंजिली पार्किंग के निर्माण के लिए 200 करोड़ रुपये निर्धारित किए गए हैं और असपास के क्षेत्र में रहने वाले लोगों को पार्किंग सुविधा प्रदान करने के लिए सुपर बाजार और पंजतीर्थी में दो इसी प्रकार की पार्किंग परियोजनाएं चल रही हैं। उन्होंने कहा कि पुराने जम्मू शहर को विरासत के आधार पर विकसित किया जाएगा ताकि स्थानीयय संबंधित चीजें संरक्षित हो सकें।
डा सिंह ने कहा कि प्रतिष्ठित तवी नदी विकास परियोजना पर काम भी तेज गति से चल रहा है और इसे निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरा किया जाएगा और शहर के एक प्रमुख पर्यटक आकर्षण मिलेगा। इसके अतिरिक्त, महाराजा हरी सिंह पार्क, जहां आवश्यक मनोरंजक सुविधाएं होगी, के अलावा, रीडिंग रूम, पुस्तकों की दुकानें और अन्य संबंधित सुविधाओं का प्रावधान होगा।
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि इसके अलावा पर्यटन क्षेत्र में 280 करोड़ रुपये पहले से ही क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए आवंटित किया गया है, जिसमें पीपीपी मोड पर केबल कार के लिए 150 करोड़ रुपये और जम्मू केबल कार परियोजनाओं के लिए 60 करोड़ रुपये शामिल हैं। उन्होंने कहा कि ऐतिहासिक मुबारक मंडी नवीनीकरण परियोजना से जम्मू शहर में प्रमुख पर्यटन स्थलों में से एक होगा।
 राजेश गुप्ता ने इस अवसर पर संबोधित किया और सरकार द्वारा विभिन्न क्षेत्रों में पंजीकृत उपलब्धियों पर प्रकाश डाला और लोगों को दिन-प्रति-शासन शासन में भागीदारी की भूमिका निभाने के लिए कहा।
बाद में उपमुख्यमंत्री ने भी लोगों के बीच एक लंगर वितरित किया। इसके उपरांत उपमुख्यमंत्री ने कठुआ जिले के बिलावर इलाके में लाखरी का दौरा किया और श्रीमान भगवत सप्ताह में शामिल हुए।
बाद में उन्होंने लखारी में भी एक विशाल जनसभा को संबोधित किया। इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री ने 300 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत के साथ दयालाचक से शहाला के बीच राजमार्ग की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट तैयार किए जाने की घोषणा की।

बुधवार, मार्च 08, 2017

पंजतीर्थी में सड़क पर पार्किंग बनी मुसीबत


पंजतीर्थी मार्ग

सड़क पर पार्किंग बनी मुसीबत

दीपाक्षर टाइम्स संवाददाता
जम्मू। शहर के बीचोबीच स्थित पंजतीर्थी जाने वाले मार्ग पर पीसीआर आईजी कार्यालय के सामने सीपीओ में बनी मार्केट के व्यापारी खासे परेशान हैं। कारण है कि पार्किंग न होने के कारण लोग उनकी दुकानों के सामने सड़कों पर ही बेतरतीब तरीके से वाहन खड़े कर जाते हैं जिससे उनका व्यवसाय चौपट होकर रह गया है। स्थानीय विकी गुप्ता, रंजीत सिंह, विकास व अवतार सिंह ने बताया कि यहां पुलिसकर्मी व यातायात पुलिसकर्मी भी तैनात रहते हैं, इसके बावजूद इस अवैध पार्किंग की ओर से वे आंखें मूंदे रहते हैं।
स्थानीय व्यापारिय
स्थानीय व्यापारिय
यहां बना मेटाडोर स्टैंड भी इसी कारण मृतप्राय बनकर रह गया है और मेटाडोर चालकों को सड़क से ही सवारी चढ़ाना व उतारना मजबूरी बन गई है। 
 इससे जहां एक ओर जाम की स्थिति बनी रहती है तो वहीं इस मार्केट में बनी दुकानों पर ग्राहक आने से कतराते हैं जिससे उनके व्यवसाय को काफी नुकसान पहुंच रहा है। 
स्थानीय व्यापारिय
स्थानीय व्यापारिय


साथ ही फुटपाथ बंद हो जाने के कारण पैदल चलने वाले राहगीरों को भी काफी परेशानी होती है। 
 स्थानीय व्यापारियों ने कई बार इसके लिए आवाज उठाई लेकिन उनकी सुनने वाला कोई नहीं। यह अवैध अतिक्रमण स्थानीय व्यापारियों के लिए बड़ी परेशानी का सबब बनकर रह गया है।

गुरुवार, मई 26, 2016

अनियमित ट्रैफिक, अवैध पार्किंग का शिकार राजतिलक रोड़ बाजार

दीपाक्षर टाइम्स संवाददाता
जम्मू। शहर के व्यस्त इलाके में स्थित शहर के सबसे पुराने बाजारों में से एक राजतिलक रोड़ बाजार के व्यापारियों को अनियमित ट्रैफिक और वाहनों की अवैध पार्किंग के कारण विभिन्न प्रकार की समस्याओं से जूझना पड़ रहा है।
राजतिलक रोड ट्रेडर्स एसोसिएशन के प्रधान रोमेश गुप्ता ने कहा कि बाजार के आस-पास में प्रशासन द्वारा पार्किंग की कोई व्यवस्था ना किए जाने के कारण व्यापारियों और ग्राहकों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। उन्होंने कहा कि अनियमित ट्रैफिक बाजार की सबसे बड़ी समस्या है। उन्होंने कहा कि अगर बाजार में परेड की ओर से कोई चार पहिया वाहन अंदर ना आए तो सिटी चौक तक जाम मुक्त क्षेत्र बन जाएगा। एसोसिएशन के प्रयासों से 12 वर्ष पूर्व एक ट्रैफिक कर्मी तैनात किया गया था। उन्होंने कहा कि यहां 2-3 माह से अधिक कोई ट्रैफिक कर्मी रहने ही नहीं दीया जाता है। यहां तैनात किए गए ट्रैफिक कर्मी का 2 माह के बाद ही तबादला कर दिया जाता है। ट्रैफिक कर्मी और पुलिस कर्मी ना होने के कारण बाजार में अवैध पार्किंग किए जाने और वाहनों के बेरोक-टोक आने के कारण बाजार में अक्सर जाम लग जाता है। गुप्ता ने कहा कि अधिकारियों के नकारात्मक रूख के चलते बाजार में सुचारू ट्रैफिक की हर योजना नाकाम रही है। हर अधिकारी जमीनी स्तर पर ध्यान दिए बिना बस अपनी ही थ्योरी लागू करना चाहता है। उन्होंने कहा कि बाजार के व्यापारियों को जाम के कारण काफी असुविधा का सामना करना पड़ता है। गुप्ता ने मांग की कि पेरड में स्थित जम्मू नगर निगम की 6.5 कनाल भूमि पर मल्टी स्टोरी पार्किंग स्थल का निर्माण किया जाना चाहिए। इससे ओल्ड सिटी की ट्रैफिक समस्या का समाधान हो जाएगा। एसेसिएशन के वरिष्ठ उप-प्रधान अशोक कुमार  का कहना है कि बाजार के आस-पास पार्किंग की कोई व्यवस्था ना होने के कारण बाजार में अवैध पार्किंग की जाती है। उन्होंने कहा कि बाजार में आने वाले ग्राहकों द्वारा परेड चौक के निकट वाहन लगाने पर ट्रैफिक पुलिस द्वारा वाहन क्रेन से उठा लिया जाता है। जिसके परिणामस्वरूप वह ग्राहक दोबारा बाजार में आता ही नहीं है। एसोसिएशन के उप-प्रधान अजय कुमार ने कहा कि बाजार में बिजली और टेलीफोन की नीचे तक लटकी हुई तारें भी परेशानी का कारण बनी हुई हैं। संबंधित अधिकारियों से बार-बार अनुरोध किए जाने के बावजूद तारों को ठीक नहीं किया जा रहा है। उन्होंने मांग की कि बाजार में बाजार में अंडरग्राउंड वायरिंग करवाकर बाजार में असुविधा का कारण बन रहे तारों के जाल को हटाया जाए।